भाजपा के वादे और उसके संकल्प-पत्र पूरी तरह दिखावटी साबित हुए – अखिलेश यादव

2019 का चुनाव जीतने के लिए फिर समाज को बांटने वाले गड़े मुर्दे उखाड़ने पर जोर है।

लखनऊ। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा है कि दिन के उजाले की तरह यह बात स्पष्ट है कि भाजपा का नियंत्रण पूरी तरह आर.एस.एस. के हाथों में है। भाजपा की सरकार हो या संगठन बिना आर.एस.एस. की अनुमति के वहां पत्ता भी नहीं हिल सकता है। संघ ने मुख्यमंत्री जी को कई निर्देश दिए हैं, जिसमें मुख्य लक्ष्य 2019 का चुनाव जीतने के लिए फिर समाज को बांटने वाले गड़े मुर्दे उखाड़ने पर जोर है।

जनता ने भाजपा को सत्ता में बिठाया तो उसे बदले में नोटबंदी और जीएसटी मिली

भाजपा का ध्यान कभी विकास पर नहीं रहा है। वह सामाजिक सौहार्द की दुश्मन है। केन्द्र के चार साल और राज्य सरकार के 15 महीनों में भाजपा की उपलब्धि बताने लायक कुछ भी नहीं है। जनता ने भाजपा को सत्ता में बिठाया तो उसे बदले में नोटबंदी और जीएसटी मिली। महंगाई रूकी नहीं। गरीब की रोजी-रोटी छिन गई। उद्योगधंधे चौपट हो गए। कानून व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त है। बच्चे कुपोषण से मर रहे है। महिलाओं और बच्चियों के साथ दुष्कर्म की घटनाएं रूक नहीं रही है। सीमा पर जवान शहीद हो रहे हैं और देश में उभरती तानाशाही की काली छाया डराती है। उत्तर प्रदेश लगभग सभी मोर्चों पर पिछड़ गया है।

राजनीति सेवा का साधन है, सत्ता पाना ही उसका चरम उद्देश्य नहीं है

भाजपा और आर.एस.एस के लिए चुनाव प्रबंधन है जबकि वह लोकतंत्र की एक महत्वपूर्ण प्रक्रिया और मतदाता को जागरूक बनाने का माध्यम है। राजनीति सेवा का साधन है, सत्ता पाना ही उसका चरम उद्देश्य नहीं है। भाजपा और आर.एस.एस. अपनी मनमानी से विकास के रास्तों में अवरोध पैदा कर रहे हैं और नफरत के बीज बोकर मतदाता का भावनात्मक शोषण करने के मुद्दे उछालने की साजिश में लग गए हैं।

अपराधियों के एनकाउण्टर के नाम पर निर्दोष मारे जा रहे हैं

भाजपा के वादे और उसके संकल्पपत्र पूरी तरह दिखावटी साबित हुए है। राज्य में किसान कर्ज और फसल की बरबादी से परेशान होकर आत्महत्याएं कर रहे हैं। गन्ना किसानों का बकाया भुगतान नहीं हो रहा है। किसान को अपने उत्पाद का लागत मूल्य भी नहीं मिल रहा है। नौजवान बेकारी से त्रस्त है। उसके सामने अंधेरा है। शिक्षा-स्वास्थ्य के क्षेत्र में अराजकता है। राज्य सरकार पर भ्रष्टाचार के आरोप लग रहे हैं। अपराधियों के एनकाउण्टर के नाम पर निर्दोष मारे जा रहे हैं। जनता बिजली-पानी के संकट से तड़प रही है।

भाजपा की सरकारों से जनता का मोहभंग हो गया है

भाजपा की सरकारों से जनता का मोहभंग हो गया है। अपनी असफलता छुपाने और जनता का मूलमुद्दों से ध्यान भटकाने में भाजपा को विशेष दक्षता प्राप्त है। समाज के सद्भाव को बिगाड़कर और जाति-धर्म के मोहरे चलकर चुनाव की बाजी जीतने के लिए भाजपा कुछ भी कर सकती है। देश में असहिष्णुता और विषमता बढ़ाकर भाजपा और संघ मिलकर देश को अंधेरे भविष्य की ओर ले जाना चाहते हैं। देश-प्रदेश के प्रबुद्ध मतदाताओं को इनके बहकावे से बचना है और विकास तथा सौहार्द के लिए भाजपा-संघ की कुटिल चालों को बेनकाब तथा विफल करना है।