जूता करेगा मोबाइल चार्ज (Mobile charge)

मोबाइल चार्ज

बच्चो ने जूते से मोबाइल चार्ज (Mobile charge) करने का नायाब तरीका इजाद कर लिया, पढ़िए ये खास रिपोर्ट

गोरखपुर। कहते है, मन में कुछ कर गुजरने की चाह हो और मंजिल पाने का हौशला हो तो उम्र की दहलीज भी मंजिल पाने से रोक नही सकती, शायद ये सच है, तभी तो 14 से 15 साल के इन बच्चो ने ऐसा अविष्कार किया, (Mobile charge) जिसे देखने के बाद किसी को अपनी आंखों पर विश्वास नही होगा।

अब चलते-फिरते अपने जूतों से चार्ज करे मोबाइल (Mobile charge)

गोरखपुर के कक्षा नौ के छात्र सृजन दिवेधी व उनके साथियों ने बनाई डिवाइस, पिलर्स के कक्षा नौ के छात्र सृजन द्विवेदी और उनके साथियों ने अभ्युदय, वैभव, आर्य लक्ष्य और अदीब ने मोबाइल चार्ज करने के लिए piezoelectricity का इस्तेमाल कर के एक ऐसा जुता बनाया है, जिसकी मदद से आप कही भी, कभी भी, अपना मोबाइल चार्ज (Mobile charge) कर सकते है, piezoelectric plates भविष्य का एक ऐसा उपकरण है, जो दबाव पड़ने पर विद्युत ऊर्जा पैदा करता है, इस तकनीक का प्रयोग हम स्कूल या कॉलेज के corridors या सड़को पर भी कर सकते है, बच्चो के हिसाब से इसकी कीमत तकरीबन 1800 से 2000 रुपए है।

शहर के पिलर स्कूल के कक्षा 9 के 4 छात्रों ने एक ऐसा जूता तैयार किया है जिससे पैदा होने वाली ऊर्जा से (Mobile charge) मोबाइल भी चार्ज हो जाएगा, कक्षा नौ के छात्र सृजन द्विवेदी और उनके साथी  अभयुद्य, वैभव आर्या जयसवाल लक्ष्य व अदीब ने मोबाइल चार्ज करने के लिए इस जूते को तैयार किया है, सृजन के टीचर ने बताया कि जूते में पीजों इलेक्ट्रिसिटी का इस्तेमाल कर तैयार किया है, जिसकी मदद से आप कहीं भी कभी भी अपना मोबाइल चार्ज कर सकते हैं। पीजों इलेक्ट्रिक प्लेट्स एक ऐसा उपकरण है।

Mobile charge

जो दबाव पड़ने पर विद्युत ऊर्जा पैदा करता है इस तकनीक का प्रयोग हम स्कूल कॉलेज या सड़कों पर भी कर सकते हैं 1 किलोमीटर पैदल चलने पर एक स्मार्ट फोन चार्ज हो जाएगा, बस फोन को जूते से कनेक्ट कर जेब में रखने की जरूरत है, साथ ही टीचर ने बताया, कि इस जूते को पहने से हम जहा वाकिंग करते हुए मोबाइल चार्ज कर सकेंगे वही मोबाईल के साथ साथ हमारी सेहत भी वाकिंग के जरिये ठीक रहेगी।

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वही इन छात्रों में एक सृजन के मामा दुर्गेश त्रिपाठी से बात की गई, तो उन्होंने कहा, कि हमे गर्व है अपने भांजे पर और इन बच्चो पर की उन्होंने इतने कम उमर में ये डिवाइज बनाई, जिससे जूते के जरिये अब लोगो का मोबाइल चार्ज हो जाएगा, और इन बच्चो ने अपने माँ बाप कर साथ टीचर स्कुल और देश का नाम भी रौशन किया है।

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14 से 15 साल के इन बच्चों ने जूते से मोबाइल चार्ज करने वाली डिवाइस बनाकर यह साबित कर दिया है कि कोई भी मंजिल पाने के लिए उम्र की दहलीज का कोई मायने नहीं है, फिलहाल इन बच्चों ने अब इस जूते के जरिए लोगों को जहां मोबाइल चार्ज करने का आसान तरीका बताया है, वहीं कहीं ना कहीं टेक्नोलॉजी के जरिए अब आने वाले समय में लोगों की चार्जिंग को लेकर मुश्किलें भी खत्म कर देगी ।