मंदिर के महन्थ का बेतुका फरमान- यहाँ रुकना मना है पूजा करें और चले जाएं

गोरखपुर,। कुसम्ही जंगल के बीच स्थित बुढ़िया माता मंदिर में प्रेमी जोड़ों को रुकने पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। मंदिर के महन्थ ने बकायदा बोर्ड लगवा कर बेतुका आदेश जारी किया है कि प्रेमी जोड़े यहाँ न रुके, पूजा करें और चले जाएं।

गोरखपुर शहर मुख्यालय से लगभग 15 किमी के दूरी पर कुसम्ही जंगल के बीच बुढ़िया माता का मंदिर हैं जहां रोजाना बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचकर पूजा-अर्चना करते हैं। बेहद ही शांत और मनोरम स्थान होने के कारण बड़ी संख्या में प्रेमी जोड़े भी बुढ़िया माता मंदिर दर्शन करने पहुंचते हैं माता के मंदिर में दर्शन के पश्चात नाव से पोखरे को पार कर माता के प्राचीन मंदिर पूजा -अर्चना करते हैं। प्रेमी जोड़ी यहां पर कुछ देर रुकते भी हैं।

युवाओं का यहाँ आना और एक साथ समय बिताना मंदिर के महन्थ और कुछ लोगों को रास नहीं आ रहा था। कुछ दिन पहले बुढ़िया माता मंदिर के महंत रामदेव पुजारी ने वहां एक बोर्ड लगवा दिया जिसपर लिखा है- ‘प्रेमी-प्रेमिकाओं का यहां रुकना सख्त मना है। पूजा करें और चले जाए, आज्ञा से महन्थ जी’।